चौसा स्थित जनसुराज कार्यालय में युवाओं की ‘चाय पर चर्चा’,कहा तथागत हर्षवर्धन करेंगे बक्सर का विकास
बक्सर। विधानसभा चुनाव को लेकर राजनीतिक सरगर्मी लगातार बढ़ती जा रही है। इसी क्रम में गुरुवार को चौसा स्थित जनसुराज के स्थानीय कार्यालय पर युवाओं की एक विशेष बैठक आयोजित की गई। ‘चाय पर चर्चा’ शीर्षक से हुए इस कार्यक्रम में कई युवा शामिल हुए और उन्होंने क्षेत्रीय मुद्दों के साथ-साथ रोजगार, शिक्षा और स्वास्थ्य जैसी बुनियादी जरूरतों पर खुलकर बातचीत की। कार्यक्रम में बक्सर विधानसभा से जनसुराज पार्टी के प्रत्याशी तथागत हर्षवर्धन की उम्मीदी को लेकर भी युवाओं ने अपनी राय और अपेक्षाएं साझा कीं।
चर्चा के दौरान कार्यालय में मौजूद शिव शंकर पाण्डेय ने कहा कि वर्षों से चौसा क्षेत्र विकास की मुख्यधारा से अलग रहा है। उन्होंने बताया कि युवाओं के पास रोजगार के ठोस साधन नहीं हैं, जिसके कारण पलायन बढ़ता जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि आज की चर्चा का उद्देश्य चुनावी माहौल में सिर्फ राजनीति नहीं, बल्कि नए नेतृत्व के सामने वास्तविक समस्याओं को रखने का था।
शिव शंकर पाण्डेय ने बताया कि युवाओं ने शिक्षा व्यवस्था में सुधार, नए कौशल विकास केंद्रों की स्थापना और स्थानीय स्तर पर उद्योग लगाने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि जनसुराज पार्टी के प्रत्याशी तथागत हर्षवर्धन से लोगों को उम्मीद है कि वह क्षेत्र की अनदेखी दूर करने की दिशा में ठोस कदम उठाएंगे।
बैठक में मौजूद छात्रों और युवाओं ने कहा कि राजनीति को सिर्फ चुनाव तक सीमित नहीं होना चाहिए, बल्कि पांच साल की जवाबदेही भी तय होनी चाहिए। उनका मानना है कि चौसा जैसे क्षेत्रों में विकास तभी आएगा जब प्रतिनिधि जमीन पर उतरकर समस्याओं को समझें और उनके समाधान की दिशा में तेजी से काम करें।
चर्चा में प्रकाश चौबे ने स्वास्थ्य व्यवस्था की कमजोरियों का मुद्दा भी प्रमुख रहा। युवाओं ने बताया कि कई बार मामूली बीमारियों में भी लोगों को बक्सर या अन्य शहरों का रुख करना पड़ता है। उन्होंने इलाके में बेहतर चिकित्सा सुविधाएं और डॉक्टरों की नियमित उपलब्धता की मांग की।
मनीष उपाध्याय ने कहा कि तथागत हर्षवर्धन की छवि एक सक्रिय और जनसरोकार से जुड़े नेता की है, और इसी कारण युवाओं में उनके प्रति विश्वास बढ़ रहा है। उनका कहना था कि यदि क्षेत्र में नई सोच और युवा नेतृत्व को मौका मिलता है तो रोजगार, सड़क संपर्क, खेलकूद और शिक्षा के क्षेत्र में व्यापक बदलाव संभव है।
बैठक के अंत में सभी युवाओं ने एक स्वर में कहा कि बक्सर के विकास के लिए तैयार है, बस जरूरत है ऐसे प्रतिनिधि की जो जनता की आवाज को समझे और उसे विधानसभा तक पहुंचाए। ‘चाय पर चर्चा’ का यह कार्यक्रम युवाओं की जागरूकता और बेहतर भविष्य की उम्मीद को दर्शाता है।


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